पान छबाए-आए, पाँव दबाए-आए
मनकट गरवा दबाए बैठे
भोली सूरत ओकी, नीयत है खोटी मोहे
बीच बजरवा सताए बैठे
सजनवा, अ-हा
सजनवा जो गनवा निकाल बैठे
करेजवा में गोली उतार बैठे
सजनवा जो गनवा निकाल बैठे
करेजवा में गोली उतार बैठे
पान छबाए-आए, पाँव दबाए-आए
मनकट गरवा दबाए बैठे
भोली सूरत ओकी, नीयत है खोटी मोहे
बीच बजरवा सताए बैठे
(सजनवा जो गनवा निकाल बैठे)
(करेजवा में गोली उतार बैठे)
(सजनवा जो गनवा निकाल बैठे)
(करेजवा में गोली उतार बैठे)
सजनवा जो गनवा निकाल बैठे
करेजवा में गोली उतार बैठे
सजनवा जो गनवा निकाल बैठे
करेजवा में गोली उतार बैठे

